पाकिस्तान में राजनीतिक भूचाल: पूर्व मुख्यमंत्री खालिद खुर्शीद को 34 साल की सजा, जुर्माना और फरारी!

भारत न्यूज़ लाइव
इस्लामाबाद, 01 जनवरी 2025: पाकिस्तान की एक आतंकवाद निरोधक अदालत (एटीसी) ने गिलगित-बाल्टिस्तान के पूर्व मुख्यमंत्री खालिद खुर्शीद खान को राजद्रोह और आतंकवाद के आरोपों में दोषी पाते हुए 34 साल की सजा सुनाई है। इसके साथ ही उन पर 6 लाख पाकिस्तानी रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
क्या हैं आरोप?
जुलाई 2024 में गिलगित में एक विरोध प्रदर्शन के दौरान, खालिद खुर्शीद खान पर इलाके की सुरक्षा एजेंसियों और मुख्य सचिव को धमकी देने का आरोप लगाया गया था। अभियोजन पक्ष ने कोर्ट में कहा कि उन्होंने संवेदनशील संस्थानों के खिलाफ हिंसा भड़काने वाला भाषण दिया और यह दावा किया कि सत्ता में लौटने पर वह अपने विरोधियों को बख्शेंगे नहीं।
अदालत का फैसला
गिलगित-बाल्टिस्तान की एटीसी-1 ने मामले की सुनवाई के बाद फैसला सुनाते हुए कहा कि अभियोजन पक्ष ने पूर्व मुख्यमंत्री के खिलाफ लगे आरोपों को साबित कर दिया। अदालत ने खालिद खुर्शीद पर 34 साल की जेल और जुर्माने की सजा सुनाई। इसके साथ ही पुलिस को आदेश दिया गया है कि वे उन्हें गिरफ्तार कर उनकी सजा लागू करें।
फरार चल रहे हैं पूर्व मुख्यमंत्री
खालिद खुर्शीद खान फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं। अदालत ने नेशनल डाटाबेस एंड रजिस्ट्रेशन अथॉरिटी (एनएडीआरए) को उनका कंप्यूटराइज्ड नेशनल आईडी कार्ड ब्लॉक करने का भी आदेश दिया, जिससे उनकी कानूनी स्थिति और जटिल हो गई है।
खालिद खुर्शीद: इमरान खान के करीबी नेता
खालिद खुर्शीद खान, इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के प्रमुख नेता हैं। 2020 से 2023 तक वे गिलगित-बाल्टिस्तान के मुख्यमंत्री रहे। हालांकि, 2023 में फर्जी डिग्री के मामले में उन्हें अयोग्य ठहराते हुए मुख्यमंत्री पद से हटा दिया गया था।
पाकिस्तान में बढ़ती राजनीतिक अस्थिरता
यह मामला पाकिस्तान की राजनीतिक अस्थिरता और इमरान खान के करीबी नेताओं के खिलाफ बढ़ती कानूनी कार्रवाइयों को उजागर करता है। 2024 में पाकिस्तान पहले ही 444 आतंकवादी हमले और 685 सुरक्षाकर्मियों की मौत जैसी घटनाओं से प्रभावित रहा है। इस मामले से देश की सुरक्षा और राजनीतिक माहौल पर और भी सवाल खड़े हो गए हैं।
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