“वन नेशन, वन इलेक्शन” को मोदी कैबिनेट की मंजूरी: क्या होगा असर?
मोदी सरकार ने दी 'वन नेशन, वन इलेक्शन' को हरी झंडी, संसद में हो सकता है जल्द पेश!

भारत न्यूज़ लाइव
मोदी कैबिनेट ने “वन नेशन, वन इलेक्शन” प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। अब इसे संसद में शीतकालीन सत्र के दौरान पेश किया जा सकता है। इस कदम के पीछे एक ही समय में पूरे देश में चुनाव कराने की योजना है, जिससे बार-बार चुनावों पर होने वाले भारी खर्चों में कटौती हो सकेगी।
कब से लागू होगा ये प्रस्ताव?
सूत्रों के मुताबिक, संसद में इस प्रस्ताव पर चर्चा के लिए जेपीसी (संविधान संशोधन समिति) का गठन किया जा सकता है। इसके लिए कम से कम छह विधेयक लाने होंगे और संविधान में संशोधन की आवश्यकता होगी।
क्या कह रहा विपक्ष?
विपक्ष पहले से ही “वन नेशन, वन इलेक्शन” के खिलाफ है, और कई पार्टियां इस पर सहमति नहीं बना पा रही हैं।
क्या है सरकार का रोडमैप?
सरकार को इसके लागू होने के लिए दो-तिहाई बहुमत की आवश्यकता होगी, जो राज्यसभा और लोकसभा दोनों में प्राप्त करना जरूरी होगा। विपक्ष ने भी इस मुद्दे पर विरोध जताया है, लेकिन सरकार इस पर विचार विमर्श के लिए विभिन्न दलों के साथ बैठकों का आयोजन कर सकती है।
निष्कर्ष:
“वन नेशन, वन इलेक्शन” पर सरकार का जोर बढ़ता जा रहा है, लेकिन इसकी राह आसान नहीं होगी, क्योंकि इसे संविधान में बदलाव की आवश्यकता है। इसके साथ ही विपक्ष के विरोध को शांत करना भी सरकार के लिए एक बड़ा चुनौती होगा।


