मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सरदार वल्लभभाई पटेल को नमन करते हुए दी राष्ट्रीय एकता दिवस की शुभकामनाएं

उत्तराखंड l मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर देश के प्रथम गृह मंत्री और लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल जी को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए प्रदेशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार पटेल भारतीय एकता और अखंडता के महान प्रतीक हैं, जिनके अदम्य साहस, अटूट समर्पण और दूरदर्शी नेतृत्व ने देश को एक सूत्र में बांधने का ऐतिहासिक कार्य किया। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने जिस दृढ़ इच्छाशक्ति और व्यवहारिक कूटनीति का परिचय दिया, उसके कारण आज हम एक सशक्त, अखंड और एकीकृत भारत में रह रहे हैं।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सरदार पटेल का जीवन हम सभी के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने देश की 562 रियासतों को एकजुट कर अखंड भारत का निर्माण किया, जो इतिहास में एक अद्भुत उदाहरण है। उनकी अदम्य इच्छाशक्ति, अद्वितीय नेतृत्व और राष्ट्र के प्रति निष्ठा ने यह सिद्ध किया कि मजबूत इच्छाशक्ति और दृढ़ संकल्प से कोई भी असंभव कार्य संभव हो सकता है। सरदार पटेल ने जिस भारत का सपना देखा था, वह ऐसा राष्ट्र था जिसमें विविधता के बावजूद एकता की भावना सर्वोपरि हो। उन्होंने भारत के नागरिकों को यह संदेश दिया कि राष्ट्र की सेवा ही सर्वोच्च कर्तव्य है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार पटेल का योगदान केवल राजनीतिक एकीकरण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि उन्होंने प्रशासनिक ढांचे को भी सुदृढ़ बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। भारतीय सिविल सेवा (आईएएस) की अवधारणा को साकार कर उन्होंने देश की प्रशासनिक नींव को मजबूत किया। आज भारत जिस स्थिरता और एकता के साथ विश्व पटल पर अग्रसर है, उसमें सरदार पटेल की नीतियों और सोच का गहरा प्रभाव दिखाई देता है।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि सरदार पटेल का जीवन युवाओं के लिए मार्गदर्शक है। युवा पीढ़ी को उनके आदर्शों और सिद्धांतों को आत्मसात करना चाहिए। जिस निष्ठा और समर्पण से सरदार पटेल ने राष्ट्र के लिए कार्य किया, वही भावना आज के युवाओं में भी होनी चाहिए ताकि भारत विश्व का अग्रणी राष्ट्र बन सके। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय एकता दिवस केवल एक उत्सव नहीं, बल्कि यह अवसर हमें अपने भीतर राष्ट्रभक्ति, एकता और सेवा की भावना को जागृत करने की प्रेरणा देता है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2025 सरदार वल्लभभाई पटेल की 150वीं जन्म जयंती का वर्ष है, जो पूरे देश के लिए गर्व और प्रेरणा का अवसर होगा। इस अवसर पर हमें उनके आदर्शों और संदेशों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल का “एक भारत, श्रेष्ठ भारत” का विचार आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना स्वतंत्रता प्राप्ति के समय था। देश की एकता, अखंडता और विकास की दिशा में कार्य करना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि हमें सरदार पटेल की दूरदर्शी सोच को अपनाते हुए प्रदेश और देश को नई ऊंचाइयों तक ले जाने का प्रयास करना चाहिए। उन्होंने सभी प्रदेशवासियों से आह्वान किया कि वे एकजुट होकर राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभाएं और सरदार पटेल के आदर्शों पर चलकर भारत को सशक्त, समृद्ध और आत्मनिर्भर बनाने में योगदान दें।
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