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भव्य इंटरप्राइजेज के प्रबंधक पर सरकारी कार्य में बाधा का आरोप, श्रम प्रवर्तन अधिकारी ने दर्ज कराई शिकायत

बाल एवं किशोर श्रम अधिनियम के तहत श्रम प्रवर्तन अधिकारी मीनाक्षी भट्ट गई थीं निरीक्षण करने

नवीन चन्द्र कुरील ( चीफ एडिटर , भारत न्यूज़ लाइव )

हरिद्वार l श्रम प्रवर्तन अधिकारी हरिद्वार मीनाक्षी भट्ट ने सरकारी कार्य में बाधा डालने पर बहादराबाद इंडस्ट्रियल एरिया स्थित भव्य इंटरप्राइजेज के प्रबंधक के विरुद्ध थाना कोतवली रानीपुर में बी.एन.एस की धारा 221 के तहत अपराध दर्ज कराया है l

बतातें चले कि दिनांक 03-01-2025 को श्रम प्रवर्तन अधिकारी मीनाक्षी भट्ट अपने दैनिक कार्यों के तहत विभिन्न कंपनियों / फैक्ट्रियां का निरीक्षण करने निकली थी l उनकी निगाह बहादराबाद स्थित भव्य इंटरप्राइजेज नामक फैक्ट्री पर पड़ी जहाँ एक नाबालिक लड़का गेट पर दिखाई दिया जिससे पूछताछ करने पर पर पता चला कि वह भव्य इंटरप्राइजेज फैक्ट्री में कार्य करता है l मीनाक्षी भट्ट फैक्ट्री के अन्दर गई तो वहां के प्रबंधक ने उन्हें निरीक्षण करने से रोक दिया और वाद विवाद करने लगे l दूसरी फैक्ट्रियों से भी फैक्ट्री यूनियन के लोगों को बुला लिया l फैक्ट्री प्रबंधक ने उन्हें अपना कार्य नही करने दिया और कहा कि आपको निरीक्षण करने का कोई आदेश उच्चाधिकारियों से प्राप्त नहीं है l प्रबंधक के स्टाफ के कई लोग झगड़ने लगे , तो विवश होकर मीनाक्षी भट्ट ने थाने में फ़ोन कर पुलिस बुलाई थी l और तहरीर भी रानीपुर थाने को दी थी l परन्तु उस समय कोई कार्यवाही पुलिस द्वारा नहीं की गई थी l बड़ी मशक्कत के बाद दिनांक 20-02-2025 को पुलिस के द्वारा बी.एन.एस की धारा 221 के तहत गैर संज्ञेय अपराध दर्ज किया गया l

फैक्ट्रियों में श्रमिकों के साथ हो रहा शोषण किसी से छिपा नहीं है l यदि श्रमिक शोषण के विरुद्ध अपनी आवाज उठाता है तो फैक्ट्री प्रबंधन के द्वारा उसे फैक्ट्री से बाहर का रास्ता दिखा दिया जाता है l कई फैक्ट्रियां तो श्रमिक को कर्मचारी सुरक्षा बीमा, भविष्य निधि तथा न्यूनतम वेतन देने में भी असफल हैं l कई फैक्ट्रियां / कारखाने तो फैक्ट्री अधिनियम के अंतर्गत पंजीकृत ही नही हैं l ऐसे में जब श्रम प्रवर्तन अधिकारी फैक्ट्रियों में निरीक्षण करने जाते हैं तो उन्हें फैक्ट्री प्रबंधन द्वारा निरीक्षण करने से रोक दिया जाता है और श्रमिकों से पूछताछ करने से मना कर दिया जाता है l श्रम विभाग के उच्चाधिकारियों को यह ध्यान देना चाहिए कि समय समय पर फैक्ट्री/ कारखानों का निरीक्ष्ण कराते रहें जिससे श्रमिकों के शोषण पर रोक लग सके l यदि श्रम प्रवर्तन अधिकारी फैक्ट्रियों में निरीक्षण करने नही जायेंगे तो श्रमिकों का शोषण बढ़ता ही जाएगा l

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